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विधायक-सांसद के बाद अब खजाने पर विवाद, TMC में सत्ता संघर्ष गहराया...
June 18, 2026 Source: Indivox News
पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर एक नया विवाद सामने आया है, जिसमें अब पार्टी के फंड को लेकर टकराव तेज हो गया है। पहले जहां पार्टी में गुटबाजी और नेतृत्व को लेकर मतभेद की खबरें थीं, अब मामला सीधे बैंक खातों और वित्तीय नियंत्रण तक पहुंच गया है।
TMC के कोषाध्यक्ष अरूप बिस्वास ने HDFC बैंक को एक पत्र लिखकर पार्टी के सभी वित्तीय लेनदेन तुरंत रोकने की मांग की है। उन्होंने अपने पत्र में कहा है कि इस समय संगठन पर किसका नियंत्रण है, यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं है, इसलिए जब तक स्थिति साफ नहीं हो जाती, तब तक खाते से किसी भी तरह के डेबिट या संचालन की अनुमति न दी जाए।
पार्टी में हाल ही में हुए बदलाव और आंतरिक सत्ता संघर्ष के बीच यह कदम सामने आया है। बताया जा रहा है कि चुनाव में मिली हार के बाद पार्टी के भीतर तनाव और बढ़ गया है, और गुटों के बीच खींचतान खुलकर सामने आने लगी है। इसी कारण अब पार्टी के भारी-भरकम फंड, जो करीब 876 करोड़ रुपये बताया जा रहा है, उसकी सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई जा रही है।
हालांकि, पार्टी के सूत्रों का कहना है कि अरूप बिस्वास को पहले ही उनके पद से हटाया जा चुका है और 5 जून को सुभाषिश चक्रवर्ती को नया कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। ऐसे में बिस्वास द्वारा बैंक को भेजा गया पत्र अब विवाद का कारण बन गया है।
TMC के भीतर इस मुद्दे ने नया राजनीतिक टकराव पैदा कर दिया है, जहां एक पक्ष इसे फंड की सुरक्षा का कदम बता रहा है, वहीं दूसरा पक्ष इसे पुराने अधिकारों का गलत इस्तेमाल करार दे रहा है। इस पूरे घटनाक्रम ने पार्टी के अंदरूनी संकट को और गहरा कर दिया है।