Wednesday, September 16, 2026 English edition
Indi Vox News Indi Vox News

Every Voice Matters

India

पीएम से मुलाकात के बाद जमीन विवाद में समझौता, वोरा के खिलाफ शिकायत भी वापस

September 16, 2026 Source: Indivox News

पीएम से मुलाकात के बाद जमीन विवाद में समझौता, वोरा के खिलाफ शिकायत भी वापस
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्कूली दोस्त असगर अली वोरा को बड़ी राहत मिली है. भायंदर में उनकी 2,810 स्क्वायर मीटर जमीन पर कब्जा करने के आरोपों के बाद, बीजेपी विधायक नरेंद्र मेहता की कंपनी ने जमीन से कब्जा छोड़ने और वोरा के खिलाफ दर्ज शिकायत वापस लेने का फैसला किया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ पढ़ाई कर चुके असगर अली वोरा की पीएम संग हुई एक मुलाकात ने सालों पुराने जमीन विवाद का रुख पूरी तरह बदल दिया. मीरा रोड के रहने वाले 81 वर्षीय असगर अली वोरा को अपनी भायंदर स्थित जमीन पर कब्जा वापस मिल गया है. बीजेपी विधायक नरेंद्र मेहता की कंस्ट्रक्शन कंपनी 'सेवन इलेवन कंस्ट्रक्शन्स' ने विवादित प्लॉट से अपना कब्जा छोड़ने और कंस्ट्रक्शन परमिशन वापस लेने का औपचारिक ऐलान कर दिया है. गुजरात के वडनगर स्थित बी. एन. स्कूल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ पढ़ाई कर चुके असगर अली वोरा बीते 8 सितंबर को पीएम से मिलने पहुंचे थे. उन्होंने पीएम मोदी को बताया था कि 1989 में उन्होंने भायंदर (ईस्ट) के नवघर इलाके में करीब 2,810 स्क्वायर मीटर जमीन खरीदी थी. आरोप था कि 2011 में 'स्वयं बिल्डर्स' और बीजेपी विधायक नरेंद्र मेहता की 'सेवन इलेवन कंस्ट्रक्शन्स' ने उनकी जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया. वोरा पिछले 15 सालों से प्रशासनिक दफ्तरों के चक्कर काट रहे थे. पीएम मोदी ने मुलाकात के दौरान उन्हें जल्द न्याय का भरोसा दिया था. पीएम से मुलाकात और हो गया काम वोरा ने कहा कि वह पिछले 15 सालों से अलग-अलग सरकारी एजेंसियों के साथ इस मामले को आगे बढ़ा रहे हैं. उन्होंने यह भी बताया कि मीटिंग के दौरान उन्हें प्रधानमंत्री से पॉज़िटिव जवाब मिला. इस मीटिंग के बाद, सरकारी अधिकारियों ने इस मामले को उठाया. मंगलवार को मुख्यमंत्री के प्रिंसिपल सेक्रेटरी श्रीकर परदेशी ने मंत्रालय में एक मीटिंग की. मीटिंग में वोरा, मेहता, मीरा-भायंदर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन कमिश्नर राधा विनोद शर्मा और टाउन प्लानर पुरुषोत्तम शिंदे शामिल हुए मीटिंग के दौरान, मेहता ने टाउन प्लानिंग डिपार्टमेंट को एक लेटर दिया; जिसमें उन्होंने कहा कि वह विवादित ज़मीन का कब्ज़ा छोड़ रहे हैं और उन्हें दी गई कंस्ट्रक्शन की परमिशन भी वापस कर रहे हैं. मेहता ने लेटर में यह भी कहा कि ज़मीन 2019 में मर्विन फर्नांडिस से खरीदी गई थी. पुलिस कमिश्नर को लिखे एक अलग लेटर में, विधायकों ने कहा कि वे वोरा के खिलाफ अपनी पिछली शिकायत वापस ले रहे हैं क्योंकि दोनों पार्टियों के बीच समझौता हो गया है.